tirth-yatra

राजस्थान के 60 वर्ष या इससे अधिक आयु के वरिष्ठजनों को आदर एवं सम्मान देकर उन्हें निःशुल्क तीर्थ यात्रा करवाने वाली राज्य सरकार की ”दीनदयाल उपाध्याय वरिष्ठ नागरिक तीर्थयात्रा योजना” के आवेदन आज से शुरू हो गए हैं। राजस्थान सरकार की इस योजना द्वारा राज्य के पात्र वरिष्ठजन देशभर के विभिन्न हिस्सों में स्थित तीर्थस्थलों की यात्रा कर सकेंगे। अपनी इस योजना से सरकार इस बार राज्य के 20 हज़ार वरिष्ठजनों को निःशुल्क तीर्थ यात्रा करवाएगी। इसके अंतर्गत 15000 यात्रियों का चयन रेल यात्रा हेतु व 5000 यात्रियों का चयन हवाई यात्रा हेतु किया जायेगा।

हवाईजहाज़ से भी निःशुल्क यात्रा कर पाएंगे:

राज्य के सम्माननीय बुज़ुर्गों की हर ज़रुरत और सुविधा का ध्यान रखते हुए सरकार ने अपनी इस योजना का नवीकरण कर इसकी सहूलियतों में विस्तार किया है। अब योजनानुसार 65 वर्ष से अधिक की आयु के वरिष्ठजन हवाईजहाज से तीर्थ स्थानों की यात्रा कर पाएंगे। वहीँ 60 वर्ष से अधिक व 65 वर्ष से कम आयु के आवेदक ट्रैन से निःशुल्क यात्रा कर पाएंगे। पहले हवाई मार्ग से यात्रा की  सुविधा 70 वर्ष व उससे अधिक आयु वाले वरिष्ठजनों के लिए थी। अब सरकार ने वरिष्ठजनों की सहूलियतों को बढ़ाते हुए इसमें 5 वर्ष की कटौती कर दी है। सरकार ने कोशिश की है कि हवाईजहाज़ द्वारा यात्रा सुविधा का लाभ हमारे अधिकाधिक वरिष्ठजनों को दिया जाये।

आज पहली जुलाई से शुरू हो गए हैं आवेदन:

राजस्थान सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना द्वारा देश के उत्तर-दक्षिण, पूर्व-पश्चिम हर दिशा में स्थित तीर्थस्थानों की यात्रा के लिए आवेदन आज 1 जुलाई से प्रारम्भ हो चुके हैं। यात्रा के लिए आवेदन पूरे महीनेभर तक 31 जुलाई तक कर सकते हैं। सभी पात्र वरिष्ठजन इस तीर्थयात्रा के लिए राजस्थान सरकार के देवस्थान विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते है। आवेदन निर्धारित प्रपत्र में ई-मित्र/आनलाईन के माध्यम से ही भरे जायेंगे। किसी भी प्रकार के ऑफलाइन माध्यम से कागज़ पर आवेदन भरकर विभाग में जमा नहीं कराना होगा।

एक महीनें की निश्चित समय सीमा के अंदर प्राप्त सभी आवेदन पत्रों की छंटनी की जाएगी। फिर सभी वैध तरीके से भरें गए आवेदनों में से कंप्यूटर लॉटरी द्वारा यात्रियों का चयन किया जायेगा।

तो कौन जा सकता है तीर्थयात्रा पर:

राजस्थान के निवासी कोई भी 60 वर्ष या इससे अधिक आयु के व्यक्ति इस योजना के लिए पात्र हैं। ज़रूरी है कि वह आयकरदाता नहीं हो तथा केंद्र या राज्य सरकार से सेवानिवृत्त कर्मचारी नहीं हो। यात्रा में जाने के लिए आवेदक पूरी तरह मानसिक व शारीरिक रूप से स्वस्थ होना चाहिए। लॉटरी द्वारा चयन होने के बाद आवेदक को अपना मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र बनवाना होगा।

देश के प्रमुख तीर्थस्थलों में से किन्ही भी दो की यात्रा कर सकते हैं:

राजस्थान सरकार की ”दीनदयाल उपाध्याय वरिष्ठजन तीर्थयात्रा योजना” के अंतर्गत राज्य से कुल 20 हज़ार वरिष्ठजन यात्रियों को यात्रा के लिए चयनित किया जायेगा। रेल माध्यम से यात्रा करने वाले आवेदक कुल 13 स्थानों में से मनपसंद तीर्थस्थानों का चयन कर सकेंगे। वहीँ हवाई माध्यम से यात्रा पर जाने वालों के लिए 10 तीर्थस्थान में से दो स्थानों का प्राथमिकता के आधार पर चयन कर सकते हैं।

यात्रा हेतु तीर्थ स्थान इस प्रकार हैः-

रेल द्वारा:-

  1. जगन्नाथपुरी
  2. रामेश्वरम्
  3. वैष्णोदेवी
  4. तिरूपति
  5. गया-काशी
  6. अमृतसर
  7. सम्मेदशिखर
  8. गोवा
  9. द्वारिकापुरी
  10. बिहार शरीफ
  11. शिरडी
  12. पटना साहिब
  13. श्रावण बेलगोला

हवाई जहाज द्वारा:-

  1. जगन्नाथपुरी
  2. रामेश्वरम्
  3. तिरूपति
  4. वाराणसी-काशी
  5. अमृतसर
  6. सम्मेदशिखर
  7. गोवा
  8. बिहार शरीफ
  9. शिरडी
  10. पटना साहिब

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here